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Wednesday, July 16, 2025
Thursday, July 3, 2025
बीमित की मृत्यु के उपरान्त नवीनीकृत कराई गई लेप्स पॉलिसी का भुगतान नहीं किया जा सकता
रजपुरा जिला संभल निवासी मटरू ने आई. सी. आई. सी. आई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस कंपनी से अपने जीवन सुरक्षा हेतु एक जीवन बीमा पॉलिसी ली थी। बीमित मटरू की मृत्यु दिनांक 12/01/2022 को हो गई जिसका क्लेम दावा परिवादिनी अमजदी पत्नी मटरू ने जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग सम्भल में अपने अधिवक्ता के माध्यम से योजित किया और बीमा कंपनी से 12% ब्याज सहित 804000 रुपए की धनराशि की मांग की।
बीमा कंपनी की ओर से अधिवक्ता ने अपना प्रतिवाद पत्र प्रस्तुत करते हुए कहा कि बीमित द्वारा बीमा पॉलिसी की किस्त अन्तिम रूप से दिनांक 25/10/2021 को अदा की गई थी और इसके उपरांत अगलु मासिक क़िस्त अगले माह 30/11/2021 को अदा की जानी थी जोकि अदा नहीं की गई। इसी दौरान दिनांक 12/01/2022 को बीमित व्यक्ति मटरू की मृत्यु हो गई और बीमित व्यक्ति की मृत्यु हो जाने के बाद ऑनलाइनल रिन्युवल प्रीमियम दिनांक 24/01/2022 को फर्जी रूप से नफ़ा नाजायज़ कमाने के उद्देश्य से जमा किया गया जबकि ये प्रीमियम जमा किये जाने से पहले ही दिनांक 12/01/2022 को बीमित व्यक्ति मटरू की मृत्यु हो चुकी थी।दिनांक 30/11/2021 व 31/12/2021 को देय प्रीमियम जमा नहीं किया गया जिसके आधार पर आयोग द्वारा यह अवधारित किया गया कि प्रश्नगत पॉलिसी बीमित व्यक्ति की मृत्यु के पूर्व दिनांक 30/11/2021 व 15 दिन के ग्रेस पीरियड सहित दिनांक 15/12/2021 को लेप्स हो चुकी थी ऐसे में यह नहीं कहा जा सकता कि बीमा कंपनी द्वारा उपभोक्ता सेवा में कोई कमी अथवा अनुचित व्यापारिक व्यवहार कारित किया है उपरोक्त आधारों पर परिवादी का परिवाद निरस्त कर दिया गया।
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